सृजन-मंच,अमेरिका का भव्य चतुर्थ वार्षिकोत्सव -पुस्तक लोकार्पण एवं सम्मान समारोह
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अमेरिका का विश्व विख्यात पटल सृजन ग्लोबली प्रमोटिंग क्रिएटिविटी एंड टैलेंट प्लेटफार्म विश्व में भारतीय संस्कृति एवं साहित्य के प्रचार प्रसार के लिये निरंतर प्रयासरत है । यह मंच काव्य सम्मेलनों के अतिरिक्त अपने अनोखे कार्यक्रमों जैसे रामायण , महाभारत , वन्दे मातरम पर क्विज , दोहा चौपाई पर आधारित अन्ताक्षरी , नौ दिन तक नवरात्र में रामायण के पाठ के लिए एक अलग पहचान बना चुका है।
पहली बार अमेरिका से बाहर 22nd मार्च को भारत भूमि की देव भूमि देहरादून में अपना चतुर्थ वार्षिकोत्सव संस्था की संस्थापिका श्रीमती मंजू श्रीवास्तव’मन’ ने बड़ी धूम धाम से ‘चिलीज़ रेस्टोरेंट ‘ के सभागार में मनाया। यह कार्यक्रम सृजन एवं सामाजिक- साहित्यिक कलामंच ऋषिकेश के संयुक्त तत्वाधान में हुआ। प्रातः ११ बजे से लेकर सायं 4 बजे तक यह भव्य आयोजन चला ।
डॉ. रमेश पोखरियाल ‘निशंक’ जी के सान्निध्य में ,विश्व विख्यात व्यंगकार डाॅ हरीश नवल जी की अध्यक्षता में सम्पन्न हुआ । मुख्य अतिथि संस्कृति विभाग की उपाध्यक्ष मधु भट्ट जी, अति विशिष्ट अतिथि सुश्री विदुषी निशंक जी, विशिष्टअतिथि राधा रतूड़ी जी, सारस्वत अतिथि आ.डाॅली डबराल जी ने मंच की गरिमा बढ़ाई ।
सर्वप्रथम अतिथियों के करकमलो से दीप प्रज्वलन के उपरान्त महिमाश्री जी ने ‘ मन-वृंदावन’ काव्य संग्रह में संकलित शारदे वंदना सुमधुर वाणी में प्रस्तुत की। मंजू श्रीवास्तव जी की दो पुस्तकों ‘मनिहारिन’ कहानी संग्रह एवं ‘मन वृन्दावन’ काव्य संग्रह का लोकार्पण हुआ । मुख्य वक्ता के रूप में श्री अनिल रतूड़ी जी एवं डॉ. सविता मोहन जी ने पुस्तकों की शानदार समीक्षा प्रस्तुत की । आदरणीय डॉली डबराल जी ने भी अपने वक्तव्य में मंजु जी के व्यक्तित्व और कृतित्व की भूरि भूरि प्रशंसा की। कविता बिष्ट जी एवं अनीता सोनी जी ने मंजु जी के काव्य संग्रह से काव्य पाठ किया।
लोकार्पण के उपरान्त दूसरे सत्र का आगाज़ कत्थक नृत्यांगना मंजू श्रीवास्तव जी की शिष्या ग्रेसी के एक सुन्दर नृत्य से हुआ। तदुपरांत शहर के जाने माने अपने अपने क्षेत्र के अग्रणी लोगों को अंगवस्त्र पहना कर एवं सम्मान पत्र देकर सम्मानित किया गया । समाज सेवा के लिए अरुणा चावला जी , राधा रतूड़ी जी , साधना शर्मा जी , आशना नेगी जी , वंदना श्रीवास्तव जी , पत्रकारिता के लिए इन्द्राणी पाँधी जी , वीरेंद्र डंगवाल जी ,चिकित्सक डॉ विजय बकाया जी , डाॅ राकेश काला, सैन्य अफसर देवेश्वर प्रसाद, चित्रकार स्नेह सुधा नवल जी , गीतकार महिमा श्री जी , पर्यावरण विद महेश चिटकारिया जी, साहित्यकार मीरा नवेली जी , कविता बिष्ट जी , अनीता सोनी जी , शिव मोहन सिंह जी , अंबर खरबन्दा जी , उषा झा जी , कुमार विजय द्रोणी जी , मणि अग्रवाल जी, को सम्म्ननित किया गया । कार्यक्रम का सञ्चालन ओज के सशक्त कवि श्री श्रीकान्त श्री जी एवं कविता बिष्ट जी ने किया । सृजन की संस्थापिका मंजू श्रीवास्तव जी , कलामंच ऋषिकेश के अध्यक्ष अनिल कुकरेती जी, महाचिव गोपाल भटनागर जी ने सभी का धन्यवाद ज्ञापन किया ।
कार्यक्रम के उपरान्त सभी अतिथियों ने स्वादिष्ट भोजन ग्रहण कर मंजु जी को बधाई देते हुए विदा ली ।